POLITY IMPORTANT QUESTION FOR ALL GOVERNMENT EXAM

 

राज्य

               - राज्य  उसे  कहते  है  जिसके पास अपनी सरकार  हो , अपना भूमि हो , जनसँख्या हो और  सबसे बड़ी  बात उसका  अपना सम्प्रभुता  हो। 


राजयव्यवस्था - 

                             - राजयव्यवस्था  के  अंतर्गत  हम  संविधान  का शासन  के अंग ( विधायिका , कार्यपालिका और न्यायपालिका ) तथा संवैधानिक  एंव  संवैधानिक संस्थाए ( CAG ,वित्तीय समिति , निति आयोग )  का  अध्यनन  करते है। 


संविधान - संविधान के अंतर्गत हम पढ़ेंगे की संविधान क्या है, क्यों है , इसका निर्माण का गठन , संबिधान सभा का गठन और संविधान के स्रोत और संविधान की विशेषताएं और संविधान के उपबंध , अनुसूचियाँ , प्रस्तावना का अध्ययन करेंगे। 


संविधान के स्रोत -----

                                                           संविधान के  स्रोत  निम्नलिखित है -  1935 ,भारत सरकार अधिनियम  - इससे हम संघीय व्ययस्था  , राजयपाल का कार्यालय , आपातकालीन  उपसंघ (  352 ,356,360 )  , शक्ति  की  सुचिया और न्यायपालिका का ढांचा 

UK से हमने  निम्नलिखित को लिया -  अकाल नागरिकत , संसदीय व्यवस्था , संसदीय विशेषाधिकार , राज्याध्यक्ष का नाम मात्र का होना और रिते

USA से हमने लिया है -  मूल अधिकार , उपराष्ट्रपति का पद  ,  SC ,HC एंव  राष्ट्रपति  पर महाभियोग  , यथोचित विधि प्रक्रिया  और न्यायपालिका  की  स्वतंत्रता )


 संविधान  की  विशेषताएं  ----------

                                                                    संविधान की निम्नलिखित  विशेषताएं  है - 

----- सबसे  विस्तृत  एंव  लिखित  संविधान 

----  संघीय  होते हुए  एकात्मकता  की  और  झुकाव 

----- संविधान  की  सर्वोचता  

----- पंथनिरपेक्ष 

-----  कल्याणकारी  राज्य  की स्थापना  ( निति निर्देशक  तत्व )

---- मूल  अधिकार 

-----  गणतंत्रात्मक  

----- एकल नागरिकत 

------ कठोरता के साथ  लचीलापन का मिश्रण 


 संविधान  सभा  का  गठन  --------

9 दिसंबर , 1946 -  पहली  बैठक  ( इस बैठक के  अस्थाई  अध्यक्ष  पंडित  सच्चिदानंद  सिन्हा  को  चुना  गया )


11 दिसंबर , 1946 - दूसरी बैठक  (  इस  बैठक   में  स्थायी  अध्यक्ष  राजेंद्र  प्रसाद  को चुना गया  )


13  दिसंबर , 1946  --  इस बैठक   में  उद्देश्य  प्रस्ताव लाया  गया  जिसे  पंडित  जवाहर  लाल नेहरू  ने  पेश किया था। )


संविधान  सभा  के  समिति  -------  AKT 

संघ  समिति  - इसके  अध्यक्ष  पंडित  जवाहर  लाल  नेहरू  थे। 

संघ  शांति  समिति -  इसके  अध्यक्ष  पंडित  जवाहर  लाल नेहरू थे। 

प्रांतीय संविधान समिति -  इसके  अध्यक्ष  सरदार वल्लभ  भाई  पटेल थे। 

अल्पसंख्यक  एंव  मूल अधिकार  सम्बंधित  समिति  -  इसके  अध्यक्ष सरदार पटेल थे। 

नियम  समिति  -  इसके  अध्यक्ष  राजेंद्र प्रसाद थे। 

झंडा  समिति  -  इसके  अध्यक्ष  जे पी कृपलानी  थे। 

प्रारूप समिति  - इसके  अध्यक्ष  बी रा अम्बेडकर  थे। 


( NOTE - कुछ रटने वाली  टॉपिक  ये  मुख्य  दिवस  है - 12 दिसंबर, 1939 को  मुक्ति  दिवस  था ,  8 अगस्त , 1940  को  अगस्त  प्रस्ताव  आया था  और  22 मार्च 1942  को  क्रिप्स मिशन  आया था ,  ऑपरेशन जीरो ऑवर - 1942 ,,  शिमला समझौता  - 25 जून 1945   ,  कैबिनेट  मिशन - 23 मार्च  1946 )



( जिस  राज्य  में  विधान  सभा  और  विधान  परिषद  दोनों  को  मिलाकर  राज्य चलता  है  उसे  द्विसदन  कहते  है।  भारत  में  7 राज्य है। )


अनुसूचियाँ -------  ANKIT TIWARI CHARGHAT 

                                              भारतीय संविधान में  अभी  12 अनुसूचियाँ  है जिनका क्रमश अधययन करंगे 

पहली  अनुसूची  - --- भारत के राज्य और  केंद्रशासित प्रदेश के बारे में। 


दूसरी अनुसूची  -----  भारत के  विभिन्न  पदों  ( राष्ट्रपति , राजयपाल ,  राजयसभा  के सभापति , लोकसभा  के  अध्यक्ष  तथा  उपाध्यक्ष  ,  उच्चतम न्यायलय  के  न्यायाधीश  और ऊंच  न्यायलय  के  न्यायाधीश )  के  वेतन एंव  भत्ते   के  बारे  में है। 


तीसरी  अनुसूची -----  भारत  के  विभिन्न  मंत्री  और  पदों  ( संघ  के  मंत्री  , राज्य  के मंत्री  , सर्वोच्च  न्यायालय  के  न्यायाधीश  , उच्च न्यायलय के  न्यायाधीश  ,  संसद के सदस्य , राज्य  विधानमंडल के  सदस्य , नियन्त्र  एंव  महालेखक परीक्षक )  के शपथ  के  बारे  में हैं। 

चौथी  अनुसूची  ----- इस अनुसूची  में  राजयसभा  में  सीटों  का  आवण्टन  के  बारे  में है। 


पांचवी  अनुसूची - अनुसूचित  क्षेत्र  तथा  अनुसूचित  जनजातियों  का  प्रबंधन। 


छठी  अनुसूची ------  असम , मेघालय , मिजोरम , त्रिपुरा के  प्रबंधन  सम्बन्धी  प्रावधान हैं। 


सातवीं अनुसूची  ------ इस अनुसूची  में  बताया गया है की केंद्र ,राज्य तथा समवर्ती  सूचि में कितने  विषय होंगे।  जैसे - केंद्र  को  100 , राज्य को 61  और  समवर्ती सूचि में 52  विषय  है। 

आठवीं  अनुसूची - इसमें भारत के  22 भाषाओं  के  बारे में  बताया  गया  है। 

(नोट - सिंधी भाषा को 21 संवैधानिक  संसोधन 1967  में  अपनाया  गया ,  71 वां  संवैधानिक  संसोधन 1992  के द्वारा मणिपुरी , कोंकणी  और नेपाली भाषओं  को अपनाया  गया   तथा  92वां  संवैधानिक  संसोधन  2003 द्वारा बोडो , मैथली , संथाली , डोगरी  भाषा  को  अपनाया गया। 

नवीं अनुसूची ----- इस  अनुसूची  में  द्वारा  पहला संविधान  संसोधन  हुआ ( 1951 )


दसवीं  अनुसूची  -----  इस अनुसूची  में  दल - बदल   विरोधी  कानून का  उल्लेख  है इस कानून को 52 वां  संवैधानिक  संसोधन  1985 के  में  पारित हुआ। 


11 अनुसूची -----  इस अनुसूची  में  पंचायती  राज्य  का  उल्लेख  है  आपलोगो  को  बता  दू  की  पंचायती  राज्य 73 वां  संवैधानिक  संसोधन  1992 द्वारा  पारित  हुआ था। 


12 वीं  अनुसूची  ---  इसमें  नगरपालिका   के  बारे  में  उल्लेख  है   इसे 74 वां  संवैधानिक  संसोधन  1992 में  जोड़ा  गया  है। 


PART                               SUBJECT                         ARTICLE

भाग                                  विषय                                    अनुच्छेद 

1                                राज्य   और   केंद्र शासित  प्रदेश                          1 - 4 

2                                              नागरिकता                                                    5 -11 

3                                                 मूल अधिकार                                              12 -35 

4                                         राज्य के  निति  निर्देशक  तत्व                              36 -51 

4 (A )                                   मूलकर्तव्य                                                            51 (A ) (क )

5                                                   संघ                                                             52 - 151 

6                                                   राज्य                                                           152 -237 

7                 संविधान (सातवाँ संशोधन) अधिनियम, 1956 द्वारा निरसित               238 

8.                                  संघ  राज्य  क्षेत्रों  से  जुड़े  प्रावधान                              239 - 242 

9                                       पंचायतें                                                                    243 -243O 

9A                                         नगरपालिकायें                                               243 P - 243ZG 

10                              अनुसूचित जाती तथा  अनुसूचित  जनजातियां           244 - 244A 

11.                      संघ  और  राज्यों  के  बीच  सम्बन्ध                                    245 - 263 

12.                            वित् , सम्पति , देयताएं और  उधार                         264 - 300 (क )(A)

13.                            व्यापार , वाणिज्य की स्वंत्रता सम्बन्धी प्रावधान         301 - 307   

14.                                       संघ राज्य  सेवाएँ                                            308 - 323 

14 (A ) (क )                   अधिकरण                                                       323 (A ) - 323 (B)

15                                       निर्वाचन                                                       324 - 329 (A )

16                  SC , ST  , OBC  एंव  आंग्ल भारतियों सम्बन्धी प्रावधान   330 -342 

17.                                  भाषाएँ                                                              343 - 351 

18                                आपातकाल                                                        352 -360 

19                                  प्रक्रीन                                                               361 -367 

20                             संविधान  संसोधन                                                  368 

21                     संविधान  के अस्थायी  प्रबंधन                                      369 - 392 

22                     हिंदी का  पाठ  और निरसन                                          393 -395 


अब हम कुछ  अनुच्छेद  को  विस्तार से  अध्ययन  करेंगे  जो SSC , BANK और रेलवे  परीक्षा के  दृष्टि   से    महत्पूर्ण   है   ये  हर  एक परीक्षा  के  दृष्टि   से बनाया  गया  हैं -


अनुच्छेद 1 -   यह  अनुछेद  भारत  के  राज्य    और केंद्र शासित  प्रदेश   के  बारे  में बताता  है।  जैसा की  हम  जानते  है   की   अभी   भारत में   28 राज्य  व  8 केंद्र शासित प्रदेश है।  69 संवैधानिक  संसोधन , 1991 के  द्वारा  दिल्ली  को  राष्ट्रिय  राजधानी  क्षेत्र  घोषित   किया  गया। 

अनुच्छेद 2 - यह  अनुच्छेद राज्य के स्थापना और  मिलान  के  बारे  में  बताता  हैं। 

अनुच्छेद 3 -- यह  अनुच्छेद  किसी  राज्य  को  बांटना  ,  नाम  बदलना  हो  उसके  बारे  में  बताता  हैं। 

अनुच्छेद 4 -- यह  संविधान  संसोधन   के  बारे  में    बताता  हैं। 

                                                     भाग -2 

नागरिकता  ( 5 -11 )

अनुच्छेद 5 -  अधिवास द्वारा  नागरिकता   (i ) यदि  जन्म  भारत में  हो    (ii ) यदि  आपके  माता -पिता  का  जन्म  भारत  में  हुआ  हो      (iii ) यदि  आप  संविधान  के लागु होने के 5 साल पहले  से  रह रहे हो। 

अनुच्छेद 6 --- पाकिस्तान  से  आनेवाला  भारत  में रहने  वालो की  नागरिकता।  इसमें  यह  बताया  गया  है  की  19  जुलाई  1948  के  बाद   में आने  वाले   और   आने  के बाद   वह छः  महीना  रहता।

अनुच्छेद 7 ----  इसमें   बताया  गया  की  भारत  की  नागरिकता  प्राप्त  करने  के   लिए पाकिस्तान  से  आये  और  छः महीना  रहे। 

अनुच्छेद 8 ----  विदेशी  नागरिकता। 

अनुच्छेद 9 --- यदि  आप  ने  किसी   और  देश  की  नागरिकता  ले  ली  हो  तो आपकी  भारतीय  नागरिकता  ख़त्म हो  जाएगी। 

अनुच्छेद 10 , 11 ----- संसद  को  नागरिकता  देने  की  शक्ति है।  नागरिकता  अधिनियम 1955  

(1 ) जन्म   से नागरिकता  26 जुलाई 1950 

(2 ) मूल वंश  के आधार  पर  नागरिकता तथा  पिता  के  जन्म के  आधार  ( 26 Janaury 1950 , 10 December 1992 )

(3 ) पंजीकरण   के आधार  पर   नागरिकता   विदेश   में  रहने   वाला  भारतीय  मूल  का  हो  वो  दूतावास  के  पास  पंजीकरण  करने  के  बाद  7  साल देश   में  रहना  होगा।  भारतीय  लड़का / लड़की  से विदेशी  लड़का / लड़की  से  शादी  करने  के  बाद  देश  में  7  साल  रहना  होगा। 

(4 ) देशीयकरण 

(i )  भारतीय  को  भी  वह  देश  नागरिकता  देता  हो  तभी उस  देश  को  भारत  नागरिकता  देगा। 

(ii ) 12 महीनो  तक उस  देश  में  रहना  होगा।  

(iii ) 22 भाषा   में से  एक  अच्छी  तरह  आना  चाहिए। 

(iv )अर्जित  क्षेत्रो  की   नागरिकता  

(5 ) नागरिकता   का  परित्याग  आदमी  अपने  इच्छा   से   त्याग   कर  सकता हैं। 

(6 ) नागरिकता  की  समाप्ति  हो जायेगा   जब  वह  दूसरे  देश   की  नागरिकता लेगा तो  भारत  की  नागरिकता   समाप्त   हो  जाएगी। 

(7 ) वंचित  किया  जाना  - राज्य  द्वारा  और  देश  द्वारा 

(i ) अगर आप  नागरिकता  प्राप्त  करने  के  गलत  तथ्य  देते   है तो  आप  को  नागरिकता   से  वंचित  किया जायेगा। 

(ii ) संविधान    का  अनादर   करना 

(iii ) देशद्रोही 

(iv ) नागरिकता  मिलने  के  बाद  5  साल  के  बीच  2  साल  तक  कोई  सजा  न हो। 

(v ) 60  साल  तक  भारत  में न होना  , नहीं  किसी  शिक्षण  संसथान  में  न  होना , न  ही  वैसी  संस्था  जिसका  भारत  सदस्य हो। 

Note -  कैसे  भी  कोई  नागरिकता  प्राप्त कर  लेता  है  वो  भारत  के  राष्ट्रपति  बन  सकता  हैं। 

NRI - अप्रवासी  भारतीय - वे  लोग  जो  कमाने   के लिए  दूसरे  देश  जाना पर  भारतीय  मूल  के  व्यक्ति हो। 

PIO - PIO CARD  देने पर  जो कोई  FRO हो, भारतीय मूल के व्यक्ति , या फिर उसके  दादा -दादी भारत मूल  के  नागरिक  हो  उस  व्यक्ति को 15  साल  तक विजारहित यात्रा कर  सकता  है। 

OCI - OVERSEAS  CITIZEN INDIA ( समुद्र पर के भारतीय नागरिक ), बंगलादेश नेपाल को छोड़कर  , जिंदगी  भर विजारहित रह सकता है  उसे  FRO भी नहीं चाहिए  लेकिन  वह  राजनीती  में  भाग नहीं  ले सकता नहीं  सरकारी  नौकरी  ले  सकता है। 

                                       भाग -3 

                                 मूल - अधिकार (12 -35 )

इस भाग  में  क्रमशः निम्न  प्रकार  से  विवेचना  किया  गया  हैं -  

(i ) समता  का  अधिकार  ( 14 -18 ) 

 (ii ) स्वतंत्रता  का  अधिकार  (19 -22 )

(iii ) शोषण  के  विरुद्ध  अधिकार  (23 -24 )

(iv ) धार्मिक  स्वतंत्रता  का  अधिकार  (25 -28 )

(v )  संस्कृति  एंव  शैक्षणिक  अधिकार  ( 29 -30 )

(vi ) संवैधानिक  अधिकार  (32 )

अनुच्छेद 14 ----  विधियों  के  समक्ष समता  और  विधियों  के सामान  संरक्षक 

अनुच्छेद 15 ------ धर्म , जाति , मूलवंश , लिंग , जन्मस्थान  के  आधार  पर  राज्य  भेदभाव  नहीं   करेगा। 

अनुच्छेद 16 - वंशक्रम 

अनुच्छेद 17 ---- इस अनुच्छेद   में  छुआछूत तथा  अस्पृश्ता  का  अंत  किया  गया है। 

अनुच्छेद 18 ---- इस  अनुछेद   में उपाधियों  का   अंत  है। 

अनुच्छेद 19 ------  इस  अनुच्छेद   में निम्न  प्रकार की  स्वतंत्रता    दी  गयी  हैं ---

(i )  भाषण  एंव अभिवयक्ति  की स्वतंत्रता 

(ii ) शांतिपूर्ण  सम्मलेन  करने   का अधिकार 

(iii )  संघ  संगठन  एंव  सहकारी समितियां  बनाने का  अधिकार 

(iv ) भारत  में  कही भी  आ  जा  सकने  की अधिकार 

(v )  भारत   में कहीं   भी बसने  का  अधिकार 

(vi )  भारत में  कहीं    भी  व्यापार  और  वाणिज्य  करने  का  अधिकार 

अनुच्छेद 20 ----- कुछ  दशाओं     में   दोष  सीधी  से  संरक्षक 

अनुच्छेद 20 (1 )--- व्यक्ति को केवल वह ही दंड दिया जा सकता है जो अपराध करते समय प्रवृत विधि के अंतर्गत दिया जा सकता था।

अनुच्छेद 20 (2 ) ---- दोहरे  दंड से  संरक्षक। 

अनुच्छेद 20 (3 ) ---- स्वंय  के खिलाफ  गवाही  देने  के  संरक्षन। 

अनुच्छेद 21 ------ प्राण  एंव  दैहिक  स्वंत्रता  का  अधिकार 

अनुच्छेद 21  (A ) (क ) ------  शिक्षा  का अधिकार 

   

 मोहिनी  जैन  बनाम  कर्णाटक  राज्य (1992 ) ---- 6 -14  वर्ष  के बच्चों  को मुफ्त  एंव अनिवार्य  शिक्षा  2002 आया।  लेकिन  2009  में  लागु  हुआ। 

वातारण  से प्रदुषण का  संरक्षक  (1991 ) ------ S.P  मेहता  बनाम  भारत  वन 

अनुच्छेद 22 --- कुछ  दशाओं   में  गिरफ़्तारी   एंव  निवारक  निरोध  से  संरक्षक 

(i )  अपने  गिरफ़्तारी   के कारन  जानने  का  अधिकार 

(ii )  अपनी  मर्ज़ी   के वकील  करने  का   अधिकार  

(iii )  24 घंटे  के  भीतर  मजिस्ट्रेट  के  प्रस्तुत होने   का अधिकार 

अनुच्छेद 23 -24 ----  शोषण  के  विरुद्ध  अधिकार  

मानव  दुर्व्यवहार  एंव  बाल  श्रम  निषेध  (23 ) ---- 

 (i ) मानव   का किसी  भी  रूप   में  क्रय - विक्रय  का निषेध   

(ii ) महिलाओं   का जबरजस्ती  वैश्या    में  धकेलना  

(iii )  दास  प्रथा 

(iv )  बलात श्रम 

बालको  को  खतरनाक  नियोजन  में  निषेध (24 )--------

(i )  यदि  बच्चे  का  उम्र  14 वर्ष  से  कम हो  तो   उसे  कारखाना, खदान  तथा  अन्य  हानिकारक  नियोजन  से रोक  और कार्य  8  घंटे, 2 घंटे  पढ़ने  और  4 घंटे  सोने का। 


  धार्मिक  स्वतंत्रता   का  अधिकार  ( 25 - 28 )

अनुच्छेद 25 ----  धर्म को   मानने  एंव  प्रचार -प्रसार करने  का  अधिकार। 

अनुच्छेद 26 ----  धार्मिक  कार्यों   का प्रबंधन   करने   का  अधिकार। 

अनुच्छेद 27 ------  किसी  विशेष  धर्म   पर  कर  न  लेने  का  अधिकार। 

अनुच्छेद 28 ----- शिक्षण  संस्थानों   में    धार्मिक   पूजा - पाठ  में  उपस्थित  न  होने  का  अधिकार।


शैक्षणिक   एंव  सांस्कृतिक  अधिकार 

अनुच्छेद 29, 29 (1 )(2 ) :-  भारत  में  प्रत्येक  नागरिक  को  अपने  भाषा  ,लिपि  और सांस्कृतिक  को  बनाये  रखने  का  अधिकार।    कोई भी  शैक्षणिक   संसथान  , राज्य द्वारा  पूरी  भाषा  , धर्म  , जाति , मूलवंश  के  आधार   पर विभेद  नहीं  कर  सकता। 


अनुच्छेद 30  -----  अल्पसंख्यक  अपने खुद  का  शिक्षण  संस्थान  खोल  सकते  है  तथा  राज्य  भी   प्रबंधन  कर  सकता  हैं। 

अनुच्छेद  32 ---- संवैधानिक  उपचारी  धारा  का  अधिकार  -  भीमराव  अम्बेडकर  ने  इसे  संविधान    का आत्मा  कहा।  क्योकि यहीं  एक  अनुच्छेद   हैं  जो  सारे  अनुच्छेदों  को  संरक्षित  करता  हैं। 


PIL :-  Public Interest  Ligation  ( जनहित  याचिका  ) ( 1980 में  आया  )  ( सी जी  पी एन  भगवती  ) 

 रिट्स  :--

(i ) बंदी  प्रत्यक्षीकरण  Hobeous  कार्पस - PVT  तथा  सरकारी  दोनों क्षेत्रो पर लागु होता  हैं। 

(ii ) परमादेश   Mardamus ---- सरकारी लोगो  के  खिलाफ 

(iii )  प्रतिशेष (prohitrion ) --- केवल न्यायलय  के  सम्बन्ध से 

(iv ) उत्प्रेषण (certioran ) ------  केवल न्यायलय  के  सम्बद्ध  से 

(v ) अधिकार पृच्छा -    सरकारी   पद पर 

 अनुच्छेद  34 -  सेना विधि। 

अनुच्छेद 35 -  मूल  अधिकारों  का  हनन  करता  है    तो उसे  संसद  दंड  दे  सकता हैं। 


 भाग - 4  ( राज्य  के निति  निर्देशक तत्व )  (36 -51 ) (आयरलैंड )

अनुच्छेद 36 ---  राष्ट्र  की  परिभाषा। 

अनुच्छेद 37 --- यह  वही भाग  है  जो किसी न्यायलय  द्वारा  परिवर्तनीय  नहीं  होते हुए भी इसका  महत्व  हैं 

अनुच्छेद 38 (1)---- राज्य  सामाजिक , आर्थिक  एंव राजनैतिक  न्याय देगा सभी को। 

अनुच्छेद 38 (2 )---- राज्य  समान  वेतन , सुविधाएँ  एंव  अवसर  देगा सभी को। 

अनुच्छेद 39 ---  इसमें कुछ  सिद्धांत  बताया  गया  है  जो राज्य   को अपनाना चाहिए। 

(i )  स्त्री  एंव  पुरुष को  आजीवका  का  सामान अवसर 

(ii )  संसाधनों  का  समाज  में  समान  वितरण। 

(iii ) धन संचय के केन्द्रीकरण  को  रोकना। 

(iv ) महिला एंव  पुरुष को समान कार्य का समान  वेतन। 

(v ) बच्चों , महिलाओं  एंव पुरुषों को ऐसे कार्य   से   रोकना  जो उनकी  मानसिक , शारीरिक , हानि  हो या फिर  जो कर पाने में  सक्षम  न हो। 

 

अनुच्छेद  39 (A )---- समान  न्याय , मुफ्त विधि  सहायता। 

अनुच्छेद  40  ---  पंचायती राज 

अनुच्छेद 41 --- बुढ़ापे , बेरोजगारी , बीमारी  इन तीनो  अवस्था  में  कार्य , शिक्षा  एंव  लोक  सहायता  पाने  का  अधिकार। 

अनुच्छेद  42 --- कार्य  करने के  लिए  मानवचित दशाओं  का होना।   जैसे - गर्भावस्था  

अनुच्छेद 43 --- मजदूरों  के  लिए कार्य  की  दशाएं , अवकाश  एंव  कुटीर  उद्योगों का प्रसार।  

अनुच्छेद 43 ( A ) --- मजदूरों का  कंपनी  के  प्रबंधन   में योगदान। 

अनुच्छेद 43  (B) ---  सहकारी  समितियां।  

अनुच्छेद 44 ---  सामान  नागरिक संहितA

अनुच्छेद 45 -----  शिक्षा  का  अधिकार 

अनुच्छेद 46 -----  SC , ST ,OBC एंव  आंग्ल  भारतीय   को शैक्षणिक  एंव  आर्थिक  हितो  से  जुड़े  प्रावधान। 

अनुच्छेद 47  --- राज्य  अपने  सभी  नागरिक  को पोषक  तत्व  प्रदान  करेगा  और शराब  एंव  धुर्मपान  को निषेध  करना।  

अनुच्छेद  48 ----- गाय  ,  बछरू  एंव  अन्य दुधारू  पशुओं  के संवर्धन  देना  और पशुबध   पर रोक।  

अनुच्छेद 48 (क ) (A ) ---- पाकृति , पर्यावरण  एंव  वन्यजीवों  को संरक्षित करना। 

अनुच्छेद 49 ---- राष्ट्रिय  समरको  एंव  समानो  को  संरक्षित  करना।  जिसको  NST (  राष्ट्रिय  प्रौद्योगिक विज्ञानं  ) 

अनुच्छेद  50 ---- प्रशासनिक  कार्य   से न्यायकीकरण  का  पृथककरण। 

अनुच्छेद  51 ---- अंतराष्ट्रीय  शांति  का बढ़ावा  डीन 


                भाग - 4 (क ) ( मूल  कर्तव्य  )  (अनुच्छेद -51क  ) 

                          सरदार  स्वर्ण  सिंह  समिति 

(i ) संविधान  द्वारा  प्रदत  संस्थाओं   का समान   करें।  जैसे -- राष्ट्रगान 

(ii ) राष्ट्रिय  आंदोलन  के लिए प्रेरित करनेवाले सिधान्तो  का  समान  करना। 

(iii ) भारतीय  एकता , अखंडता  एंव  सम्प्रभुता  को बनाये रखना। 

(iv ) भारतीय  नागरिक  देश  सेवा  के लिए  तैयार  रहे। 

(v ) भाईचारे  को  बढ़ावा  देना  और  महिलाओं  के  प्रति कुरूतियों  को त्यागना। 

(vi )  अपनी  गौरवशाली  परम्परोओं  और सामसिक  परम्परा  का  बढ़ावा देना। 

(vii ) प्राकृतिक  वातावरण  को  संरक्षक  करना  एंव  बढ़ावा  देना। 

(viii )  ज्ञानी बनो  पर  मानवता  भी  रखना।   ज्ञान के  साथ मानवतावाद  को बढ़ावा देना। 

(ix ) राष्ट्रिय  सम्पति  को  सुरक्षित  रखना एंव हिंसा  से दूर रहना। 

(x )  व्यक्तिगत  एंव  सामूहिक  सफलता  प्राप्त करें। 

(xi ) 6 -14  आयु के  बाल  बच्चो  को माँ - बाप  शिक्षा  प्रदान करें। 

  

                                         राष्ट्रपति 

अनुच्छेद  53 ---- इस  अनुच्छेद   में लिखा   गया है की कार्यपालिका  का सर्वोच्च अधिकारी  राष्ट्रपति  पद  हैं। 

अनुच्छेद 74 (1 ) --  इस  अनुच्छेद  में  लिखा गया हैं की राष्ट्रपति के सलाह एंव सहायता देने के  लिए एक मंत्रिमंडल गठित हो जिसकी मुखिया प्रधानमंत्री होंगे। 

अनुच्छेद 74 (2 ) ---- इस  अनुच्छेद के तहत मंत्रिमंडल को सलाह देने के लिए न्यायपालिका  को अधिकार नहीं देंगी। 

अनुच्छेद 75 (1 ) ---- इस  अनुच्छेद  के तहत राष्ट्रपति  प्रधानमंत्री  को नियुक्त करेगा फिर प्रधानमंत्री  को नियुक्त करेगा फिर प्रधानमंत्री  के सलाह पर मंत्री नियुक्त करेगा। 

अनुच्छेद  75 (2 ) --- इस  अनुच्छेद  के तहत मंत्रिपरिषद  प्रभार राष्ट्रपति के , राष्ट्रपति  जब तक मंत्रिमंडल  में हैं।  (संसद - 5 साल )

अनुच्छेद 75 (3)--- पूरी मंत्रिपरिषद  लोकसभा  के प्रति उत्तरदायी होंगे। 


राष्ट्रपति    की   अर्ध्याताएँ  

(i ) भारत  का  नागरिक हो। 

(ii ) 35  वर्ष आयु 

(iii ) वह लोकसभा के सदस्य होने की अर्ध्यतानें  रखता हो। 


राष्ट्रपति   का  निर्वाचक  मंडल 

(i ) लोकसभा  तथा  राजयसभा  के  निर्वाचक  मंडल। 

(ii ) सभी  विधानसभाओं  के  निर्वाचित  सदस्य। 

(iii ) 70 c .a  1992  के  अनुसार राष्ट्रपति   के निर्वाचन   में दिल्ली एंव पद्दुचेरी   के विधान सभाएं  भी वोट डालेंगी। 


 राष्ट्रपति  की शक्तियां  

 प्रशासनिक  शक्तियां 

(i )  मंत्रिपरिषद  नियुक्तियां  

(ii ) CAG  नियुक्ति। 

(iii )  सर्वोच्च एंव उच्च न्यायलय के मुख्य न्यायाधीश की नियुक्ति। 

(iv )  वित्  आयोग   के  अध्यक्ष  एंव  सदस्य। 

(v )  upsc  के  अध्यक्ष  एंव सदस्य की नियुक्ति। 

(vi )  अनुसूचित जाति एंव अनुसूचित जनजाति आयोग  की नियुक्ति। 

(vii ) भाषायी आधार पर अल्पसंख्यक  अधिकारी की नियुक्ति। 

(viii ) राज्य्पाल  की  नियुक्ति ( ये  सभी  नियुक्तियां राष्ट्रपति  मंत्रिपरिषद  की  सलाह  पर  करता  हैं  )

 सैन्य  शक्ति 

(i ) तीनो सेनाओं  के सर्वोच्च  सेनापति  की नियुक्तियां। 

(ii )  युद्ध की घोषणा , शांति की स्थापना। 

 राजनयिक  शक्तियां 

(i )  राजदूत की नियुक्तियां  एंव  बाहरी  राजदूत की  स्वागत। 


विधायी  शक्तियां  

(i )  सत्र के  आहूत  एंव  सत्रावसान करने की शक्ति। 

(ii )  दोनों  सदनों की संयुक्त बैठक।   (  अनुच्छेद - 108 ) 

(iii )  प्रत्येक  साल की  पहली  बैठक  संयुक्त बैठक  राष्ट्रपति  बुलाता  हैं।  (अनुछेद -87 ) 

(iv ) सदनों की सूचना।   (अनुच्छेद -86 )

(v )  राष्ट्रपति  राज्य  सभा  में  12  लोगों को  मनोनीत  करता हैं ]

(vi ) राष्ट्रपति  लोकसभा  में  2  लोगों  को  मनोनीत करता हैं।  (अनुच्छेद - 331 )

(vii )  दोनों  सदनों   के  सामने राष्ट्रपति प्रति वर्ष कुछ  रिपोर्ट  रखता हैं - (i ) CAG  रिपोर्ट ( अनुच्छेद - 151  )      (II ) बजट पेश करना ( अनुच्छेद - 112 )

(iii ) वित्  आयोग के रिपोर्ट  ( अनुच्छेद - 281 )

(iv )  संघ लोक सेवा आयोग रिपोर्ट ( अनुच्छेद - 323  )

(v )  राष्ट्रिय  अनुसूचित  जाति  रिपोर्ट  ( 338 )

(vi )  राष्ट्रिय  पिछड़ा  वर्ग  आयोग  रिपोर्ट  (340 )

(vii )  राष्ट्रिय  अनुसूचित जनजाति रिपोर्ट (338 (क ))


 न्यायायिक  शक्तियां ( 72 )

(i )  लघुकरण  शक्तियां --- अनुच्छेद  ( कठोर  कारावास  को 50  साल  को  20  साल  तक  काम कर  देता हैं। )

(ii )  परिहार -  इसके  अंतरगत  कठोर  करावास  को  साधारण  कारावास  में  बदल देता है। 

(iii )  विराम --- इसके  अंतरगत  वह  50  साल  से  20  साल तक  तथा  कठोर  कारावास  को  साधारण  कारावास  में बदल  देता  हैं। 

(iv )  प्रविलमान -  इससे  राष्ट्रपति  फांसी  की  सजा  को  अस्थायी  या  आजीवन  कारावास  में  बदल  देता  हैं। 

(v )  क्षमा ---  इससे  राष्ट्रपति  किसी भी  सजा  को क्षमा   कर सकता हैं। 


वीटो  

(i ) आत्यंतिक  वीटो ---- किसी  भी  बिल  को  साफ़   मना   कर  सकता हैं। 

(ii ) विशेषित वीटो ---- USA 

(iii ) निलंबन  कार्य  वीटो -- बिल  पर पुनर्विचार  करने  के  लिए  भेज  सकता है। 

(iv ) जेबी वीटो  ----  इसमें  राष्ट्रपति  बिल को जेब   में रख  सकता हैं। 


आपतकालीन  शक्तियां ----  

अनुच्छेद 352  --- राष्ट्रिय   आपातकाल 

अनुच्छेद  356  --- राज्यापात   अथवा  राष्ट्रपति  शासन 

अनुच्छेद 360 ---  वित्तीय  आपात 


 कुछ  अन्य  शक्तिया 

अनुच्छेद 143 ---  सुप्रीम  कोर्ट  से  सलाह  लेने  के  लिए  AGI  की राष्ट्रपति के लिए नियुक्ति। 

 अनुच्छेद 341 -342  --- 341   के  तहत   किसी  भी जाती को  SC  घोषित  कर सकता  हैं।   या  अनुसूचित जाती  से  निकल  भी  सकता  है।   342  के तहत  किसी   भी जाती  को  ST  घोषित कर  सकता हैं। 

अनुच्छेद 339  --- इसके  तहत  किसी   क्षेत्र  को SA  अनुसूचित  क्षेत्र  घोसित  कर  सकता  हैं।  


अनुसूचित   क्षेत्र  -  

(i )  उड़ीसा             (ii )  हिमाचल  प्रदेश          (iii )  मध्यप्रदेश          (iv ) गुजरात 


( v ) राजस्थान            (vi )  महाराष्ट्र                      (vii ) झारखण्ड       (viii ) आंध्रा प्रदेस 


(ix )  चंडी गढ़ 


                              महाभियोग 

(i ) लोकसभा  और  राजयसभा 

(ii ) 1 /4   बहुमत 

(iii ) 14   दिन पहले  राष्ट्रपति  को सूचना। 

(iv )  विशेष बहुमत  ( 2 /3 ) ( राजयसभा )


  अध्यादेश  ( अनुच्छेद - 123 )

(i )  दोनों  में  से  कोई  सदन  सत्र   में  न हो। 

(ii )   यह कानून    की उतनी   ही शक्ति    जो विधायिका द्वारा  कानून बनाती हैं। 

(iii ) इसकी  अवधी पहली सत्र   के पहली बैठक  से 6 हप्ते  तक  होती  है। 

(iv ) इसको  राष्ट्रपति  जब चाहे तब ले  सकता हैं। 

(v )  अध्यादेश  संविधान  संसोधन  नहीं  नहीं  कर   सकता  है।              


56 (1) ( ग ) (C ) --- नए  राष्ट्रपति  के  चुनाव  पुराने  राष्ट्रपति  के कार्यकाल  में ही  चुना  जाता  हैं। 

56 (2 ) ---  राष्ट्रपति  का  चुनाव  किसी  भी  हालात  में  करो  चाहे  किसी   भी राज्य  का  विधान  सभा  भंग  हो  रखा  हैं। 

56 (3 ) ---अगर  कोई  राष्ट्रपति  हो तो  उसे बनाओ  या छः  महीने  में चुनाव  कराओ।  जो भी  आएगा वह 5 वर्ष  के  लिए रहेगा। 

 OTHER   PROVISION 

59 (2 ) ---  संसद  जब  राज्य  का  विधानमंडल  का  कोई भी राष्ट्रपति  नहीं  हो  सकती  हैं। 

59 (3 ) ----  वेतन 5  लाख  होगा  राष्ट्रपति। 

59 (4 ) ---  जब  तक  राष्ट्रपति  रहेगा वह लाभकारी  काम  नहीं कर  सकती। 

 

 उन्मुक्तियाँ  

361 (1 )  ----  राष्ट्रपति  तथा  उपराष्ट्रपति  किसी  भी  कोर्ट  के प्रति  उत्तरदायी नहीं  हो सकते है। 

361 (2 )----  राष्ट्रपति  बनने  के बाद  कोई कार्यवाई  नहीं  की  जा सकती हैं। 

361 (3 )----  कार्यकाल   में  गिरफ़्तारी  वारंट  नहीं  जारी की  जा  सकती  हैं। 


राष्ट्रपति   और  राज्यपाल  के  बीच  अंतर -----

(i )  राष्ट्रपति  तीन  अनुसूचियों  किसी  की उंल्लघन  करने   पर माफ़   कर सकता  है  राज्यपाल  नहीं  कर सकता हैं। 

(ii ) मारिशियल लॉ  राष्ट्रपति  क्षमा  कर  सकता है राज्यपाल  नहीं। 

(iii )  राष्ट्रपति  न्यायिक  शक्तियां  पांचो  का प्रयोग कर सकता है तथा राज्यपाल  चार  का  ही  प्रयोग कर  सकता हैं। 

उपराष्ट्रपति  

 भारत   का   नागरिक  हो। 

३५  वर्ष  आयु। 

वोटिंग     नहीं  कर  सकता  हैं। 

>>  सर्वोच्च  न्यायलय के  न्यायाधीश  को अनुछेद  124  के तहत नियुक्त  किया  जाता हैं। 

>> सर्वोच्च  न्यायालय  का  पीठ ---- दिल्ली 

>>सर्वोच्च  न्यायालय  के न्यायाधीश  के  अंतिम उम्र 65 वर्ष हैं। 

>> सर्वोच्च  न्यायालय  के  न्यायाधीश के आने का उम्र 55 वर्ष हैं। 


सर्वोच्च  न्यायालय  के लिए  योग्यता ----

(i )  भारत  का  नागरिक  हो। 

(ii ) 5  साल   तक किसी  एक  उच्च न्यायलय  का अनुभव हो। 

(iii ) 10 साल  तक  उच्च  न्यायालय  में 

(iv ) वह  राष्ट्रपति  के  नजर    पारंगत  विधिवेता हो। 


सर्वोच्च  न्यायलय  के  न्यायिक  शक्तियां 

(1  )  मूल  अधिकार 

(2 )  रीट  अधिकार 

(3 )  अपीली  अधिकार 

(i )  सिविल  मामले 

(ii )  क्रिमिनल  मामले 

(4 )  संविधान  निर्वाचन 

(5 ) सलाहकारी  अधिकारिता 

(6 ) रिकॉर्ड  का  न्यायलय 

(i )  सरे निर्णय  लिखित  रहेगा। 


महाभियोग  

(i )  लोकसभा में  100  और  राजयसभा  में 50  

(ii )  राजयसभा  अध्यक्ष  एक  समिति   बनाएगा  जिसमे  एक  CGI , CI  और DJ  रहेगा। 

(iii )  दो    ही  आधार   पर न्यायाधीशों   को हटाया   जा सकता  हैं  :-- (i )  अक्षमता   (ii )  कदाचार  

(iv )  दोनों  सदन   रिपोर्ट  को  लाएगा  और  2 /३  वोटिंग  कराना होगा।  


                              पंचायती  राज 

:---  लार्ड  रिपन  को  स्थानीय  शासन   का  जनक  माना  जाता  हैं। 

(i )  बलवंत  राय  मेहता  समिति ( 1957 )  :---  पंचायतो  को संवैधानिक  दर्जा  होना  चाहिए।  2  अक्टूबर  1959  को नागौर जिला को जो    राजस्थान   में लागु  हुआ। उसके बाद  11  अक्टूबर  1959  आंध्रप्रदेश में हुआ। 

(२)   सादिक  अली  समिति  (1964 )  :- इन्होने गरीबी    जातिवादी  के   बारे में कुछ बताया। 

(3 )  अशोक  मेहता  समिति ( 1977  ) 

(4 ) C .  H  हनुमंता  रॉ  (1982 )

(5 )  G  V  K  RAV   ( 1985 )

(6 )  लक्ष्मी  मॉल  सिंघवी  समिति  ( 1986 ) 

(7 )  PK थुंगन  ( 1989 )  ( संवैधानिक  दर्जा ) :- पांच साल के बाद चुनाव। 


अनुच्छेद  243  (A ) ---- ग्राम  सभा ( किसी  भी  गांव  में एक होते है  और  18  वर्ष  से  ऊपर वाले  व्यक्तियों बनते  हैं। 





 

                                                                                                                                                                                                                                          

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